Exclusive News:

New Small Speaker Review: Pricing is Not Always the Only Criteria

I understand how that could positively effect your body,...

Now Is the Time to Think About Your Small-Business Success

I understand how that could positively effect your body,...

Cool Startups that Will Change Your Perspective on Clothes & Fashion

I understand how that could positively effect your body,...

रायपुर में PHE ठेकेदारों का उग्र प्रदर्शन: लंबित भुगतान को लेकर नीर भवन का घेराव, बोले वेतन देना भी हुआ मुश्किल

रायपुर। राजधानी रायपुर में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग के मुख्यालय नीर भवन के बाहर सोमवार को ठेकेदारों ने लंबित भुगतान की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। बारिश के बीच बड़ी संख्या में पहुंचे ठेकेदारों ने विभागीय अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और आरोप लगाया कि करोड़ों रुपये के लंबित बिलों का भुगतान नहीं होने से वे गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं।

प्रदर्शन कर रहे ठेकेदारों का कहना है कि उन्होंने विभाग की विभिन्न पेयजल योजनाओं और विकास कार्यों को निर्धारित समय सीमा में पूरा कर दिया, लेकिन महीनों बीत जाने के बावजूद भुगतान नहीं किया गया। उनका आरोप है कि कई बार अधिकारियों से मुलाकात और लिखित आवेदन देने के बाद भी केवल आश्वासन ही मिला, जबकि भुगतान की प्रक्रिया अब तक आगे नहीं बढ़ी।

  • आर्थिक संकट गहराया, कर्मचारियों का वेतन अटका

ठेकेदारों ने कहा कि भुगतान नहीं मिलने के कारण कर्मचारियों और मजदूरों का वेतन समय पर देना मुश्किल हो गया है। इसके अलावा बैंक की ईएमआई, मशीनों का किराया, निर्माण सामग्री आपूर्तिकर्ताओं का बकाया और अन्य वित्तीय दायित्व भी लगातार बढ़ते जा रहे हैं। छोटे और मध्यम स्तर के कई ठेकेदारों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द भुगतान नहीं हुआ तो वे नए कार्य लेने की स्थिति में नहीं रहेंगे।

  • बरसात में भी जारी रहा प्रदर्शन

मूसलाधार बारिश के बावजूद ठेकेदार नीर भवन के बाहर डटे रहे और विभाग से तत्काल भुगतान की मांग करते रहे। प्रदर्शन के दौरान पूरे परिसर में नारेबाजी होती रही, जिससे कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण बना रहा।

  • यातायात व्यवस्था प्रभावित, पुलिस ने बदला रूट

प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए। सुभाष स्टेडियम से कटोरा तालाब जाने वाले मार्ग पर यातायात डायवर्ट किया गया। ट्रैफिक व्यवस्था सुचारु बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया, जबकि रूट डायवर्जन की एडवाइजरी एक दिन पहले ही जारी कर दी गई थी।

  • भुगतान नहीं हुआ तो आंदोलन होगा तेज

प्रदर्शनकारी ठेकेदारों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही लंबित भुगतान जारी नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। उनका कहना है कि समय पर भुगतान न मिलने से न केवल ठेकेदार, बल्कि उनके साथ जुड़े हजारों कर्मचारी और मजदूर भी आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं।

Latest

Don't miss

महाराष्ट्र सरकार का बड़ा फैसला: कृषि कर्जमाफी की शर्तों में ढील,शरद पवार ने किया स्वागत

मुंबई: महाराष्ट्र सरकार ने राज्य के किसानों को एक बड़ी राहत देते हुए कृषि कर्जमाफी योजना की पात्रता शर्तों को काफी उदार बना दिया...

खड़गे का बीजेपी पर बड़ा हमला, बोले ‘मध्य प्रदेश भ्रष्टाचार का मॉडल बन गया, एथेनॉल के नाम पर 1,200 करोड़ का चावल घोटाला’

नई दिल्ली: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने मध्य प्रदेश में कथित 1,200 करोड़ रुपये के चावल घोटाले को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पर...

महाराष्ट्र में ‘ऑपरेशन टाइगर-3’ की चर्चा तेज, ठाकरे और शरद पवार गुट के विधायकों को लेकर सियासी अटकलें

मुंबई: महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। राज्य के सियासी गलियारों में इन दिनों कथित 'ऑपरेशन टाइगर-3' को...