भिवंडी: महाराष्ट्र के भिवंडी में गुरुवार देर रात एक दर्दनाक हादसे ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। शहर की एक चार मंजिला इमारत अचानक भरभराकर गिर गई, जिसमें अब तक तीन मजदूरों की मौत की पुष्टि हुई है। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) की टीमें लगातार राहत एवं बचाव अभियान चला रही हैं। आशंका है कि मलबे के नीचे अभी भी कई लोग फंसे हो सकते हैं।
मरम्मत के दौरान हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, हादसे से कुछ देर पहले इमारत के झुकने के संकेत मिले थे। उस समय इमारत में मरम्मत का काम चल रहा था। खतरे को भांपकर कई मजदूर बाहर निकल आए, लेकिन कुछ लोग समय रहते बाहर नहीं निकल सके और मलबे में दब गए।
तीन शव बरामद, एक महिला को जिंदा निकाला गया
बचाव अभियान के दौरान NDRF की टीम ने मलबे से तीन मजदूरों के शव बरामद किए। वहीं, एक महिला को जीवित बाहर निकालकर तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों के अनुसार उसकी हालत फिलहाल स्थिर है।
“जान बचाने के लिए पहली मंजिल से कूदना पड़ा”
हादसे में घायल दीपक कुमार यादव ने बताया कि रात का खाना खाने के बाद सभी सो चुके थे, तभी तेज धमाके जैसी आवाज सुनाई दी। बाहर निकलने का रास्ता नहीं बचा, इसलिए उन्होंने अपनी जान बचाने के लिए पहली मंजिल से छलांग लगा दी।
पति की तलाश में भटक रही नेहा
हादसे के बाद नेहा सिंह अपने लापता पति रंजीत सिंह की तलाश में परेशान हैं। उन्होंने बताया कि उनके पति बिल्डिंग का निरीक्षण करने नीचे गए थे और कुछ ही मिनट बाद पूरी इमारत ढह गई। उनका मोबाइल फोन बज रहा है, लेकिन कोई जवाब नहीं मिल रहा।
चटकने की आवाज सुनते ही मची भगदड़
प्रत्यक्षदर्शी संगीता प्रजापति ने बताया कि पार्किंग में खड़े होने के दौरान उन्हें इमारत के चटकने की आवाज सुनाई दी। उन्होंने भागने की कोशिश की, लेकिन इसी दौरान इमारत गिर गई, जिससे उन्हें चोटें आईं।
“भागने का कोई रास्ता नहीं था”
घायल अभय कुमार यादव ने बताया कि तेज आवाज सुनते ही उन्होंने बाहर निकलने की कोशिश की, लेकिन रास्ता बंद हो चुका था। उन्होंने भी पहली मंजिल से छलांग लगाई, जिससे उनके पैर में फ्रैक्चर हो गया। बाद में स्थानीय लोगों ने सीढ़ी लगाकर कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।
राहत-बचाव अभियान जारी
प्रशासन के अनुसार, मलबे में अभी भी तीन से चार मजदूरों के फंसे होने की आशंका है। भारी मलबे और अंधेरे के कारण बचाव कार्य चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। NDRF, SDRF, स्थानीय पुलिस और दमकल विभाग की टीमें जेसीबी एवं अन्य मशीनों की मदद से लगातार राहत कार्य में जुटी हैं।
हादसे की जांच शुरू
प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, इमारत में मरम्मत का कार्य चल रहा था। अब यह जांच की जाएगी कि भवन की स्थिति, सुरक्षा मानकों और निर्माण संबंधी नियमों का पालन किया गया था या नहीं।फिलहाल राहत एवं बचाव अभियान जारी है और प्रशासन ने लोगों से घटनास्थल के आसपास भीड़ न लगाने तथा अफवाहों से बचने की अपील की है।
